पोप लियो ने लेबनान और मध्य पूर्व में शांति के लिए प्रार्थना की

पोप लियो 14वें ने बुधवारीय आम दर्शन समारोह में अर्मेनियाई प्रेरितिक कलीसिया के सिलिसिया के कथोलिकोस प्राधिधर्माध्यक्ष आराम प्रथम का अभिवादन किया, साथ ही सभी को लेबनान और मध्य पूर्व में शांति के लिए प्रार्थना करने हेतु आमंत्रित किया।

संत पेत्रुस प्रांगण में बुधवारीय आम दर्शन समारोह में कथोलिकोस प्राधिधर्माध्यक्ष अराम प्रथम पोप लियो के साथ स्टेज पर शामिल हुए।  ठीक दो दिन पहले सोमवार, 18 मई को दोनों कलीसियाई धर्मगुरु वाटिकन प्रेरितिक भवन में मिले और साथ में प्रार्थना की थी।

पोप लियो 14वें ने बुधवारीय आम दर्शन समारोह में अर्मेनियाई प्रेरितिक कलीसिया सिलिसिया के कथोलिकोस प्राधिधर्माध्यक्ष आराम प्रथम का अभिवादन करते हुए कहा, “भाइयों और बहनों, मुझे अर्मेनियाई प्रेरितिक कलीसिया के सिलिसिया के कथोलिकोस प्राधिधर्माध्यक्ष आराम प्रथम और उनके साथ आए जाने-माने प्रतिनिधि-मंडल का स्वागत करते हुए बहुत खुशी हो रही है। यह भाईचारे वाला दौरा हमारे बीच पहले से मौजूद एकता के रिश्तों को और मज़बूत करने का एक महत्वपूर्ण अवसर है, क्योंकि हम अपनी कलीसियाओं के बीच पूरी तरह से एकता की ओर बढ़ रहे हैं।”

महामहिम, इन दिनों जब हम पेंतेकोस्त की तैयारी कर रहे हैं, मैं प्रेरित संत पेत्रुस और पौलुस की कब्रों पर आपकी यात्रा पर पवित्र आत्मा की कृपा की दुआ करता हूँ, और मैं वहाँ मौजूद सभी लोगों को प्रभु से दिल से प्रार्थना करने के लिए आमंत्रित करता हूँ कि आपकी यात्रा और सभायें पूरी एकता की राह पर एक और कदम बनें। आइए, हम लेबनान और मध्य पूर्व में शांति के लिए भी प्रार्थना करें, जो एक बार फिर हिंसा और युद्ध से टूट गया है।

उसके बाद पोप ने ख्रीस्तीय एकता के प्रति उनके लगातार व्यक्तिगत प्रतिबद्धता के लिए, खासकर काथलिक कलीसिया और पूर्वी ऑर्थोडॉक्स कलीसियाओं के बीच अंतरराष्ट्रीय  थियोलॉजिकल बातचीत के लिए अपना खास आभार व्यक्त किया।