हरित समझौता मंच 2026 : स्थिरता, मीडिया और एक साझा भविष्य
40 से ज्यादा देशों के 100 से ज्यादा पत्रकार पर्यावरण, नवीनीकरण और जिम्मेदार संचार पर चार दिनों की चर्चा के लिए एकत्रित हुए हैं।
हरित समझौता के समर्थन से प्रकृति की सुरक्षा के लिए जानकारी पर 17वाँ अंतरराष्ट्रीय मंच, 18 मार्च की दोपहर को उत्तरी इटली के त्रेविजो में शुरू हुआ जो शनिवार तक चलेगा।
40 से ज्यादा देशों के 100 से ज्यादा पत्रकारों के साथ-साथ विभिन्न संस्थाओं के प्रतिनिधि, प्रशासक, व्यवसायी, शिक्षण संस्थानों और सांस्कृतिक क्षेत्र के सदस्यों को एक साथ लाकर, यह फोरम पर्यावर्णीय और सामाजिक चुनौतियों पर अंतरराष्ट्रीय बातचीत के लिए जगह बनाता है।
इस साल की विषयवस्तु है “एक साथ भविष्य का निर्माण – भविष्य के लिए प्यासी एक नई मानवता।” मुख्य मुद्दों में समग्र पारिस्थितिकी, यूरोप और अमरीका के बीच सहयोग, स्वच्छ तकनीकी, पहाड़ी इलाकों का भविष्य, बड़े कार्यक्रमों की वहनीयता और असमानताओं से भरी बिखरी हुई दुनिया में वैश्विक मीडिया की जिम्मेदारी शामिल हैं।
उद्घाटन से पहले: उम्मीद और जिम्मेदारी का आह्वान
आधिकारिक उद्घाटन से पहले, हरित समझौता के अध्यक्ष अल्फोंसो कौतेरुचो ने वाटिकन न्यूज की मरीना तोमारो से बात की, और इस साल के फोरम के पीछे के मकसद के बारे बताया।
उन्होंने कहा, “हम एक ऐसे अंतरराष्ट्रीय माहौल का सामना कर रहे हैं जो चिंता बढ़ाता है और अक्सर भविष्य को अनिश्चित दिखाता है।” “जबकि हम एक ऐसी मानवता के बारे में बात करना चाहते हैं जो खुद को नया करना, ठोस कदम उठाना चाहती है, और सबसे बढ़कर भविष्य को उम्मीद के साथ देखना चाहती है।”
उन्होंने पर्यावरण-चिंता की बढ़ती भावना की ओर भी इशारा किया, खासकर युवा पीढ़ी के बीच, इसे इस डर के रूप में बताया कि आनेवाले सालों में पर्यावरण की स्थिति और खराब हो सकती है। उन्होंने बताया कि मंच का मकसद जानकारी भरी बातचीत और व्यवहारिक जुड़ाव को बढ़ावा देकर इस चिंता का जवाब देना है।
खाद्य प्रणाली से लेकर “आत्मा की पारिस्थितिकी” तक
मंच कई तरह के विषयों पर बात करेगा जैसे : स्थायी खेती, खाद्य प्रणाली, शहरी सुधार, जैववास्तुकला, कल्याण अर्थशास्त्र और डिजिटल नवाचार।
खाद्य आपूर्ति श्रृंखला पर खास ध्यान दिया जाएगा, जिसमें मिशेलिन-स्टार शेफ के योगदान शामिल होंगे कि कैसे बर्बादी कम की जाए और ज्यादा सतत् तरीकों को बढ़ावा दिया जाए।
इन विषयों के साथ-साथ, कार्यक्रम में इस पर भी विचार-विमर्श होगा जिसे आयोजक “मन और आत्मा की पारिस्थितिकी” कहते हैं, जो संत फ्राँसिस असीसी द्वारा 1225 के आसपास लिखे गए सृष्टि के भजन की 800वीं सालगिरह से जुड़ा है, जिसको 1226 में उनकी मृत्यु से एक साल पहले लिखा गया था। मंच के दौरान पिएत्रो पैरोलिन के संदेश को कार्डिनल बेनियामिनो स्टेला पढ़ेंगे।
बिखरी हुई दुनिया में मीडिया की भूमिका
फोरम का एक और खास मुद्दा पर्यावरण से जुड़े मुद्दों को सही तरीके से सुलझाने में पत्रकारों की जिम्मेदारी है।
कौतेरुचो ने कहा, "आज हम समग्र पारिस्थितिकी के बारे में बहुत बात करते हैं, लेकिन तथाकथित फेक न्यूज का सामना करना भी उतनी ही आम बात है।" इसी वजह से, चर्चा का एक हिस्सा दुनिया के अलग-अलग हिस्सों के पत्रकारों से जुड़ा होगा, जो यह देखेंगे कि शोध और जिम्मेदार रिपोर्टिंग के जरिए गलत जानकारी को कैसे सुलझाया जा सकता है।
उन्होंने पत्रकारों को उनके काम में समर्थन करने की जरूरत पर जोर दिया, यह सुनिश्चित करते हुए कि उनके पास भरोसेमंद आंकड़े और जानकारी हों। उन्होंने कहा, "उनका काम मूल्यवान है, और उन्हें उन लोगों का समर्थन चाहिए जो पाठकों और दर्शकों तक सही जानकारी पहुंचा सकें।"
अलग-अलग विभाग में बातचीत
इस मंच में व्यवसाय के बीच बातचीत के लिए भी जगह है, खासकर, स्थायी उत्सादन में लगी इटालियन और अमेरिकन कंपनियों के बीच बातचीत के जरिए।
अलग-अलग विभाग और नजरिए को एक साथ लाकर, इस पहल का मकसद पर्यावरण से जुड़ी चुनौतियों का सामना करने में सहयोग और साझा ज़िम्मेदारी को बढ़ावा देना है - जिसमें भविष्य की कार्रवाई को आकार देने के लिए तकनीकी नवाचार, सांस्कृतिक सोच और सही जानकारी को मुख्य चीजों के तौर पर शामिल किया जाएगा।