पोप : माता मरियम की मध्यस्थता द्वारा हम विश्व शांति के लिए प्रार्थना करें
देवदूत प्रार्थना के उपरांत, पोप लियो 14वें ने विश्वासियों को पुनः एक बार रोजरी माला विन्ती करने हेतु आमंत्रित किया। उन्होंने संत फ्रांसिस असीसी को समर्पित पहलों पर अपनी खुशी जाहिर की और परिवार पर सिनॉडल बातचीत की घोषणा की जो आमोरिस लेतित्सिया के दस साल बाद वाटिकन में होगी।
देवदूत प्रार्थना के उपरांत पोप ने विश्वासियों का अभिवादन किया एवं रोजरी माला विन्ती करने का प्रोत्साहन देते हुए कहा, “पिछला रविवार, लूर्द से मैंने अक्टूबर माह में, खास मतलब के साथ कि युद्ध समाप्त हो और शांति स्थापित हो सके सभी को रोजरी माला विन्ती करने के लिए आमंत्रित किया था। रोजरी करनेवालों में सबसे पहले बच्चे रहे, और वे इसे अभी भी जारी रखे हुए हैं: 1 से 7 अक्टूबर तक, “एड टू द चर्च इन नीड” दुनिया में शांति और एकता के लिए “10 लाख बच्चों की रोजरी माला विन्ती” पहल को बढ़ावा दे रहा है। मैं उन सभी लड़कों और लड़कियों का तहे दिल से शुक्रिया अदा करता हूँ जो दुनिया के इतने सारे हिस्सों में इस प्रार्थना में शामिल हो रहे हैं। आइए, हम सब उनकी मिसाल पर चलें, कुँवारी मरियम से दुआ करें ताकि लोग युद्ध के कहर से मुक्त हो सकें। खासकर, आइए हम पवित्र भूमि और हिंसा के शिकार निर्दोष लोगों के लिए प्रार्थना करें।
अमोरिस लेतित्सिया की 10वीं वर्षगाँठ
तत्पश्चात् पोप ने अमोरिस लेतित्सिया के वर्षगाँठ की याद दिलाते हुए कहा, “आनेवाले दिनों में, प्रेरितिक प्रबोधन अमोरिस लेतित्सिया की दसवीं सालगिरह के मौके पर, वाटिकन में एक मीटिंग होगी जिसके लिए मैंने पूर्वी काथलिक कलीसियाओं के प्रमुखों और दुनियाभर के धर्माध्यक्षीय सम्मेलन के अध्यक्षों को आमंत्रित किया है। यह सिनॉडल आत्मपरख का समय होगा ताकि यह पता लगाया जा सके कि आज परिवारों और युवा पीढ़ियों के बीच सुसमाचार का प्रचार करने के लिए क्या कदम उठाए जाने चाहिए।” संत पापा ने इसके लिए प्रार्थना हेतु आग्रह करते हुए कहा, “मैं इस काम और सबसे बढ़कर उन परिवारों के लिए आपकी प्रार्थनाओं का आग्रह करता हूँ जो ईश्वर की मदद से उम्मीद की निशानी हैं और कलीसिया एवं समाज के लिए एक अनमोल खजाना हैं।
पोप ने उन प्रयासों के लिए सराहना व्यक्त की जिनको संत फ्राँसिस असीसी के नाम पर किया जा रहा है। उन्होंने कहा, “मैं संत फ्रांसिस असीसी की मृत्यु की 800वीं पुण्य तिथि मनाने के लिए हो रही कई कोशिशों से खुश हूँ। खास तौर पर, मुझे असीसी में हुई कोशिशें याद हैं, जिनमें इटली के सबसे बड़े अधिकारी शामिल हुए थे।” पोप ने कहा, मैं असीसी और फोलिग्नो के लोकप्रिय रेडियो प्रचालकों को भी बधाई देता हूँ जिन्होंने संत फ्रांसिस की शांति का संदेश फैलाया।”
इसके बाद पोप ने संत पेत्रुस महागिरजाघर में एकत्रित सभी तीर्थयात्रियों एवं पर्यटकों का अभिवादन किया। उन्होंने उन सभी विश्वासियों की विशेष याद की, जो रविवार को संत पेत्रुस महागिरजाघर के प्राँगण से, पोप पीयुस 12वें द्वारा शुरू की गई परंपरा को जारी रखते हुए, विया लौरेंतीना पर प्रकाशना की माता मरियम के तीर्थस्थल की तीर्थयात्रा पर निकले।
और अंत में, अपनी शुभकामनाएँ देते हुए पोप ने कहा, “मैं सभी को रविवार की शुभकामनाएँ देता हूँ।”
