इतालवी समाचार पत्र से पोप : संवाद को बढ़ावा दें और ध्रुवीकरण का विरोध करें
पोप लियो 14वें ने इतालवी समाचार पत्र “इल फोलियो” की स्थापना की 30वीं वर्षगाँठ पर, इसके सम्पादक और पाठकों को शुभकामनाएँ दी हैं। प्रेस को उसकी जिम्मेदारी की याद दिलाते हुए गुमराह करनेवाले ध्रुवीकरण का विरोध करने का प्रोत्साहन दिया जो असलियत को हास्यानुकृति बना देता है।
इताली समाचार पत्र “इल फोलियो” की स्थापना की 30वीं वर्षगाँठ पर अपने संदेश में आजाद पत्रकारिता पर जोर देते हुए संत पापा ने कहा, “अलग-अलग राय फैलाने और तथ्यों की समीक्षा करने की क्षमता, विचारों के उस खुले लेन-देन की ठोस नींव है, जिसके बिना सोचने की आजादी नहीं होती, बल्कि हर इंसान की प्रतिष्ठा और उनके सोचने के अधिकार का हनन होता है।”
इसके लिए उन्होंने बातचीत को बढ़ावा देने और कट्टर तथा धोखेबाज ध्रुवीकरण के आगे नहीं झुकने की सलाह दी। “जो असलियत को हास्यानुकृति, सांस्कृतिक और धार्मिक जड़ों को दिखाने के लिए लेबल, और सोच को एक हिसाब-किताब बना देता है।”
इल फोलियो समाचार पत्र के निदेशक डॉ. क्लौदियो चेरासा को सम्बोधित पत्र में पोप ने याद दिलाया है कि “स्वतंत्र प्रेस, और आम तौर पर सभी मीडिया, को जानकारी देकर सिखाने का बहुत बड़ा काम है। उन्हें एक ज्यादा न्यायपूर्ण और शांतिपूर्ण दुनिया बनाने में योगदान देना है। जिसके लिए बहुत जिम्मेदारी की आवश्यकता होती है, जैसे कि तथ्यों की बिलकुल सही रिपोर्टिंग और उन पर राय देने के बीच फर्क करना, और हमेशा बहस के लिए तैयार रहना।
अंत में, पोप ने आशा व्यक्त की है कि यह समाचार पत्र और इसमें काम करनेवाले सभी लोग टकराव नहीं, बल्कि मुलाकातों का भविष्य बनाने की इच्छा से प्रेरित होंगे, और इस तरह हमारे जीवन की सुंदरता को बचाये रखेंगे।