अफ्रीका, लैटिन अमेरिका और एशिया में हाशिए पर पड़े समुदायों की बेहतर सेवा करने के लिए धार्मिक नेताओं को सक्षम बनाने के उद्देश्य से एक अग्रणी पहल दुबई में चल रही है।
सीबीसीआई पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन कार्यालय द्वारा आयोजित समग्र पारिस्थितिकी पर आगरा-उत्तरी क्षेत्र की संयुक्त कार्यशाला 24-26 अगस्त, 2024 को नवीनता रिट्रीट सेंटर, सुखदेव विहार, ओखला, नई दिल्ली में आयोजित की गई।
4 सितंबर को जकार्ता में इस्ताना नेगारा प्रेसिडेंशियल पैलेस में बोलते हुए, पोप फ्रांसिस ने आपसी सम्मान को बढ़ावा देने में अंतरधार्मिक संचार के महत्व पर जोर दिया।
पोप फ्रांसिस ने विविधता में सद्भाव की महत्वपूर्ण भूमिका पर जोर दिया और इंडोनेशिया में शांति और कल्याण को बढ़ावा देने के लिए प्रमुख स्तंभों के रूप में सामाजिक न्याय और दैवीय आशीर्वाद को सुदृढ़ करने का आह्वान किया, जो कि विशाल सांस्कृतिक और धार्मिक विविधता वाला देश है।
4 सितंबर को, पोप फ्रांसिस ने जकार्ता के कैथेड्रल ऑफ आवर लेडी ऑफ द असम्पशन में पुरोहित और धार्मिक नेताओं को संबोधित किया, और उनसे आस्था, भाईचारा और करुणा के गुणों को अपनाने का आग्रह किया।
जकार्ता में इंडोनेशिया के नागरिक अधिकारियों से मुलाकात के दौरान पोप फ्राँसिस ने राष्ट्र के आदर्श वाक्य “विविधता में एकता” को कायम रखा और काथलिक कलीसिया के अंतरधार्मिक संवाद और नागरिक सद्भाव का समर्थन करने के प्रयासों का वादा किया।
अपनी 45वीं प्रेरितिक यात्रा के दूसरे दिन पोप ने इन्डोनोसिया की धरती पर राष्ट्र के आदर्श वाक्य “विविधता में एकता” और काथलिक कलीसिया के अंतरधार्मिक संवाद और नागरिक सद्भाव का समर्थन करने के प्रयासों को ध्यान में रखे हुए एक्स पर तीन संदेश लिखा।
इंडोनेशिया में अपनी प्रेरितिक यात्रा के प्रथम दिन पोप फ्राँसिस ने जकार्ता स्थित कुँवारी मरियम के स्वर्गोदग्रहण महागिरजाघर में, देश के धर्माध्यक्षों, पुरोहितों, उपयाजकों, धर्मसमाजियों, सेमिनरी छात्रों एवं प्रचारकों से मुलाकात की।