बुजूर्गों की प्रेरितिक देखभाल हेतु अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन

Cardinal Kevin Farrell, Prefect of the Dicastery for Laity, Family and Life

लोकधर्मी, परिवार एवं जीवन के लिए गठित परमधर्मपीठीय परिषद के तत्वधान में, बुजूर्गों की प्रेरितिक देखभाल हेतु एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया गया है। सम्मेलन रोम में 29-31 जनवरी को सम्पन्न होगा।

वाटिकन सिटी, बुजूर्गों पर ध्यान देने हेतु संत पापा फ्राँसिस के आह्वान का प्रत्युत्तर देते हुए लोकधर्मी, परिवार एवं जीवन को प्रोत्साहन देने हेतु गठित परमधर्मपीठीय परिषद ने बुजूर्गों की प्रेरितिक देखभाल पर एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन किया है। सम्मेलन की  विषयवस्तु है, "जीवन के कई वर्षों की समृद्धि"। सम्मेलन में, बुजूर्गों को छोड़ देने की संस्कृति का सामना किस तरह किया जाए, उस पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, साथ ही साथ परिवार तथा कलीसिया में उनकी विशेष भूमिका पर गौर किया जाएगा।"    

वाटिकन न्यूज को दिए एक साक्षात्कार में सम्मेलन के प्रमुख, परिषद के अध्यक्ष कार्डिनल केविन फर्रेल ने कहा कि हमारी समकालीन "फेंकने की संस्कृति" लोगों को दरकिनार करना चाहती है और इसे कलीसिया में भी देखा जा रहा है कि बुजूर्गों को भुला दिया जाता है। उन्होंने कहा, "यदि कोई पल्ली में कार्य करता है विशेषकर विकसित देशों में, जानता है कि बुजूर्ग बहुत ही एकाकी का जीवन जीते हैं।" उन्होंने कहा जबकि जीवन के लम्बे अनुभव के कारण मुख्य व्यक्ति बनना चाहिए।

बुजूर्ग नायक हैं

कार्डिनल ने कहा कि बुजूर्गों को नायक बनने का अर्थ है कि कलीसिया उनकी देखभाल करना चाहती है। वह बाहर निकल कर उनके पास पहुँचना चाहती है। उन्होंने कहा कि सम्मेलन का उद्देश्य यही है, दुनिया तक पहुँचना और कलीसिया में क्या हो रहा है उसे देखना।  

उन्होंने कहा कि कलीसिया के लिए यह बहुत महत्वपूर्ण है कि वह बुजूर्गों के कई सालों के अनुभवों का फायदा उठाये खासकर, "परिवारों में जहाँ वे बच्चों के पालन पोषण, विकास एवं शिक्षा में सहयोग देते हैं, उनकी आवश्यकताओं पर भी ध्यान देना है। हमें जीवन को बढ़ावा देना है, सभी लोगों के बीच बुजूर्गों की देखभाल की चाह को प्रोत्साहित करना है और उन्हें नहीं छोड़ देना है। उनके पास हमें देने के लिए बहुत कुछ है।"

कार्डिनल ने कहा कि हमें खोजना है कि इन सभी चीजों को किस तरह, बेहतर तरीके से किया जा सकता है। यही कारण है कि सेमिनार का आयोजन किया गया है।  

बुजूर्गों की प्रेरितिक देखभाल पर अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन रोम में 29-31 जनवरी को किया गया है। प्रेरितिक कार्य में, धर्माध्यक्षीय सम्मेलन के प्रतिनिधि, धर्मसंघ, संगठन और लोकधर्मी आंदोलन के सदस्य शामिल होंगे। सम्मेलन के प्रतिभागी संत पापा फ्राँसिस से विशेष मुलाकात भी करेंगे।

Add new comment

4 + 2 =